बिहार विधानसभा के दूसरे चरण के मतदान से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ( Narendra Modi ) ने छपरा में जनसभा को संबोधित किया इस दौरान पीएम मोदी ने महिलाओं को संबोधित करते हुए कहा महिलाओं को छठ पूजा की चिंता करने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा, अरे मेरी मां। आपने अपने बेटे को दिल्ली में बैठाया है, तो क्या वह छठ की चिंता नहीं करेगा। मां तुम छठ की तैयारी करो, दिल्ली में तुम्हारा बेटा बैठा है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान से कई सवाल खड़े होने लगे हैं कि जब पीएम मोदी खुद ये कहते आ रहे है कि जब तक दवाई नहीं तब तक ढिलाई नही। फिर ऐसे में बिहार के महिलाओं को छठ पूजा को लेकर ऐसे क्यों कह रहे है कि महिलाओं को छठ पूजा की चिंता करने की जरूरत नही है। क्योंकि छठ पूजा बिहार का एक पवित्र त्यौहार हैं। और इस पर्व में सोशल डिस्टेंसिंग बना पाना मुमकिन नही होगा।

तो वही दूसरा प्रश्न ये उठता हैं कि जब देश में सम्पूर्ण लॉकडाउन लगाया गया था। तब लाखो की संख्या में बिहार के प्रवासी मजदूर अन्य राज्यों से पैदल ही भूखे प्यासे घर जाने को मजबूर थे। पैदल सैकड़ो किलोमीटर की सफर तय कर घर पहुँचने की चाह में कइयों ने बीच मे ही दम तोड़ दिया। तब यह बेटा कहां था ?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के बयान पर सोशल मीडिया पर यूज़र्स तरह तरह के प्रतिक्रिया दे रहे है वही एक यूज़र्स ने लिखा – माँ तुम्हारा बेटा दिल्ली में बैठा है इसीलिए आपको दिल्ली से पैदल बिहार आना पड़ा था क्योंकि तुम्हारा तथाकथित बेटा निकम्मा निकला, उसने अपने लिए तो 8500 करोड़ का हवाई जहाज खरीद लिया पर आपको घर पहुंचाने में असमर्थ था।

तो वही एक यूज़र ने वीडियो ट्वीट कर लिखा – उठो माॅ ! तुम छठ पूजा की तैयारी करो तुम्हारे बेटा नरेंद्र मोदी दिल्ली में बैठा है, तुम्हारी मदद करने।

एक यूजर ने लॉकडाउन में महिलाओं के पैदल पलायन करने वाली वीडियो ट्वीट कर पूछा कि – जब जरूरत थी एक माँ को सहारे कि तब कहा था यह बेटा??