आपको बता दें कि मिस्र में शुक्रवार को दो ट्रेनें आमने-सामने टकरा गईं। हादसे में 32 लोगों की मौत हो गई, जबकि 91 से ज्यादा लोग घायल हैं। बता दें कि स्वास्थ्य अधिकारियों ने इस बात की जानकारी दी। इस संबंध में मिस्र के स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से कहा गया कि सोहाग प्रांत में हुए इस हादसे के बाद मौके पर एंबुलेंस की कई गाड़ियां और 100 से ज्यादा राहतकर्मियों को भेजा गया है।


आपको बता दें कि दक्षिणी मिस्र में दो ट्रेनों की आमने-सामने की टक्कर हो गई। जिसमें 32 लोगों की मौत हो गई और 66 लोग घायल हो गए। बाता दे कि हादसा शुक्रवार को दक्षिणी मिस्र के सोहाग शहर में हुआ है। दुर्घटनास्थल पर दर्जनों एम्बुलेंस राहत कार्य में लगी हैं। बता दें कि 50 से अधिक घायलों को नजदीकी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है।

मिस्र में नहीं थम रहीं रेल दुर्घटनाएं

आपको बता दें कि मिस्र की रेलवे प्रणाली में बुरी तरह से बनाए गए उपकरणों और खराब मैनेजमेंट का इतिहास रही है। आधिकारिक आंकड़े बताते हैं कि देश भर में 2017 में 1,793 रेल दुर्घटनाएं हुईं। आपको बता दें कि 2018 में, दक्षिणी शहर असवान के पास एक यात्री ट्रेन पटरी से उतर गई थी, जिससे कम से कम छह लोग घायल हुए और अधिकारियों को रेलवे चीफ को हटाना पड़ा। बता दें कि एक साल पहले, अलेक्जेंड्रिया बंदरगाह के ठीक बाहर दो यात्री ट्रेनें टकराई थीं, जिसमें 43 लोग मारे गए थे।

आपको बता दें कि 2002 में हुई ट्रेन दुर्घटना में 300 से अधिक लोग मारे गए थे
बता दें कि मिस्र की सबसे घातक ट्रेन दुर्घटना 2002 में हुई थी, जब काहिरा से दक्षिणी मिस्र की ओर जा रही तेज रफ्तार ट्रेन में आग लगने से 300 से अधिक लोग मारे गए थे। आपको बता दें कि 2016 में, काहिरा के पास दो ट्रेनें टकरा जाने से कम से कम 51 लोग मारे गए थे।

रेल प्रणाली को चलाने के लिए बजट की कमी
आपको बता दें कि 2018 में राष्ट्रपति अब्देल-फतह अल-सिसी ने कहा था कि सरकार के पास रेल प्रणाली को रन-डाउन ओवरहाल करने के लिए लगभग 250 बिलियन मिस्र पाउंड (लगभग 1 अरब रुपए) की कमी है।

धन्यवाद।।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here